
ग्रीन जोन में शर्तों के साथ बसें चलेंगी. बस में क्षमता से आधी सवारी को ले जाने की अनुमति होगी. सिनेमा मॉल, जिम, क्लब 17 मई तक बंद रहेंगे. ऑरेंज जोन में टैक्सी ड्राइवर के साथ एक यात्री को मंजूरी दी गई है.
ऑरेंज जोन में टैक्सी ड्राइवर के साथ एक यात्री को मंजूरी दी गई है. 65 साल से उम्र के लोगों को बाहर निकलने पर रोक है. 10 साल के कम उम्र के बच्चों को बाहर निकलने पर अभी भी रोक है. गर्भवती महिलाओं को घर से बाहर जाने की इजाजत नहीं है. रेड जोन में ऑटो, टैक्सी, रिक्शा और बसों पर रोक जारी रहेगी.
पीएम मोदी ने आज मंत्रियों के साथ एक बैठक की जिसके बाद ये फैसला किया गया है. 40 दिन का लॉकडाउन 3 मई को खत्म होने रहा था. अब तीसरा लॉकडाउन 17 मई तक चलेगा.
रेड, ऑरेंज, ग्रीन जोन का राज्यवार बंटवारा
केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने देशभर में 130 जिलों को रेड जोन, 284 को ऑरेंज जोन और 319 को ग्रीन जोन घोषित किया है. इन इलाकों में कोविड-19 मामलों की संख्या, मामलों के दोगुना होने की दर, जांच की क्षमता और निगरानी एजेंसियों से मिली जानकारी के आधार पर इन्हें श्रेणीबद्ध किया गया है.
‘कंटेनमेंट ऑपरेशन’ के लिए जिलों के इस वर्गीकरण को राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों द्वारा तीन मई से अपनाया जाएगा. इस सूची को हर सप्ताह या उससे पहले भी संशोधित किया जाएगा और इस संबंध में आगे की कार्रवाई के लिए राज्यों को सूचित किया जाएगा. किसी भी क्षेत्र को ग्रीन जोन में तभी रखा जाएगा यदि वहां कोविड-19 का कोई पुष्ट मामला ना हो या पिछले 21 दिन में जिले में कोई मामला सामने ना आया हो. वहीं कोई भी रेड या ऑरेंज जोन में शामिल जिले क्रमश: 28 और 14 दिन तक कोई नया मामला सामने ना आने के बाद ग्रीन जोन में आ सकते हैं.
कोरोना संक्रमण पर स्वास्थ्य मंत्रालय ने देश को 3 जोन में बांटा है. ग्रीन जोन में 319 और ऑरेंज जोन में 284 जिले हैं. दिल्ली, मुंबई, कोलकाता, अहमदाबाद सहित 130 जिले रेड जोन में हैं. ग्रीन जोन और ऑरेंज जोन में सशर्त छूट मिलेगी लेकिन रेड जोन में कोई छूट नहीं मिलेगी. 4 मई से 17 मई तक लॉकडाउन रहेगा.दूसरी बार लॉकडाउन को बढ़ाया गया है. ग्रीन जोन में क्षमता से आधी सवारी को बस में बिठाने की अनुमति होगी. ऑरेंज जोन में ड्राइवर, एक यात्री के साथ टैक्सी को मंजूरी मिली है. ग्रीन और ऑरेंज जोन में सशर्त कुछ गतिविधियों के लिए मंजूरी है. बच्चे बुजुर्ग, महिलाएं, इलाज के लिए बाहर जा सकेंगे.
रेड जोन: मुंबई, दिल्ली, कोलकाता, हैदराबाद, पुणे, बेंगलुरु और अहमदाबाद जैसे महानगर शहरों को रेड जोन में रखा गया है. दिल्ली के 11 जिलों को रेड जोन (हॉटस्पॉट्स) घोषित किया गया है.
महाराष्ट्र: 14 जिले रेड जोन, 16 ऑरेंज जोन और छह ग्रीन जोन में शामिल हैं.
गुजरात: गुजरात के नौ जिले रेड जोन, 19 ऑरेंज जोन और पांच ग्रीन जोन में हैं.
मध्य प्रदेश: नौ जिले रेड जोन, 19 ऑरेंज जोन और 24 ग्रीन जोन में हैं
राजस्थान: आठ रेड, 19 ऑरेंज और छह जिले ग्रीन जोन में हैं.
यूपी: 19 जिले रेड जोन, 36 ऑरेंज जोन और 20 ग्रीन जोन में हैं.
तमिलनाडु: 12 जिले रेड जोन, 24 ऑरेंज और एक ग्रीन जोन में हैं.
तेलंगाना: छह जिले रेड, 18 ऑरेंज और नौ ग्रीन जोन में हैं.
आंध्र प्रदेश के पांच जिले रेड जोन, सात ऑरेंज जोन और एक ग्रीन जोन में है.
पश्चिम बंगाल के 10 जिले रेड जोन, पांच ऑरेंज और आठ ग्रीन जोन में हैं.
गोवा, अरुणाचल प्रदेश, सिक्किम, मणिपुर, नागालैंड और मिजोरम पूरी तरह ग्रीन जोन में है. असम, हिमाचल प्रदेश, लद्दाख, मेघालय, पुडुचेरी और त्रिपुरा जैसे कुछ राज्यों में कोई भी रेड जोन नहीं है.
एक या अधिक नगर निगम वाले जिलों के निगमों और जिलों के अन्य क्षेत्रों को अलग-अलग इकाइयों के रूप में माना जा सकता है. अगर इन इकाइयों में 21 दिन तक कोई मामला सामने ना आए तो इन्हें रेड या ऑरेंज जोन से हटाया जा सकता है.